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Sadguru Ganesh Nath, Devi Devta Mantra Sadhna, Tantra Sadhna, puja, havan, ityadi ke bare mein jankari
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मंत्रों की साधना करने से पहले हमें किन-किन बातों को ध्यान में रखना चाहिए।
मंत्र साधना करने से पहले यह जानकारी जरुरी है।
1. यह सत्य है कि यदि मंत्र को किसी गुरु के द्वारा ग्रहण किया जाए तो उसका फल यथाशीघ्र ही प्राप्त होता है। इसमें कोई संदेह नहीं है।
2. यदि हम अपने गुरु के पास में बैठकर उनसे मंत्र के दीक्षा ले तो वह मंत्र तुरंत असर करता है। साधना में बहुत जल्दी अनुभव होता है और साधना भी सफल हो जाते हैं।
3. मंत्र साधना का प्रारंभ किसी शुभ मुहूर्त या शुभ दिन से करना चाहिए। यदि हम किसी और दिन करते हैं। तो हमें अपने साधना के अनुभव शुभ मुहूर्त और शुभ दिन की तुलना में कम होता है।
4. मंत्र साधना को बड़ी ही श्रद्धा के साथ करना चाहिए यह तभी सिद्ध होता है। इसके लिए हमें एकांत स्थान और एकाग्रता की भी बहुत आवश्यकता होती है। स्थान हवादार और रोशनी युक्त होना चाहिए। जहा भी साधना करना हैं। वहां का जगह जमीन साफ होना चाहिए। यदि हम जंगल में करते हैं। तो साधना जल्दी पूर्ण होता है। ऐसी जगह का चुनाव करना चाहिए जहां शोर सरवन हो कोई व्यक्ति जल्दी से ना आ जा सके ताकि साधना में कोई तो को रोक ना हो तो साधना जल्दी पूर्ण होता है। और साधना खंडित होने का खतरा भी नहीं रहता है।
5. मंत्र साधना के समय धूप या दीपक जरूर जलाए रखना चाहिए। मंत्र जाप के बाद भोग अवश्य लगाना चाहिए। अपने कुलदेवी इष्ट देवता ग्रामीण देवी देवता का नाम से आहुति ( हवन ) करना चाहिए। मंत्र साधना के बाद छोटा सा आहुतियां डालकर हवन करना चाहिए।
6. जिस देवी या देवता की साधना करनी हो उनके फोटो को सामने रखकर धूप या दीपक जलाकर ही शुद्ध मन से साधना करना चाहिए।
7. यदि शमशान साधना करना है तो जलती हुई चिता के समक्ष बैठकर ही साधना किया जाता है।
8. यदि श्मशान साधना करना है और उनमें कोई नियम निर्धारित ना हो तो शमशान में कहीं भी बैठकर साधना किया जा सकता है। जैसे की भूत प्रेत बेताल की साधना शमशान में कहीं भी बैठकर किया जा सकता है।
9. पहले की जमाने में सबके हाथों में स्मार्टफोन नहीं हुआ करता था अब सबके हाथों में स्मार्टफोन है। यदि आप अपने गुरु के पास किसी भी कारण से नहीं जा पा रहे हैं। तो फोन पर बात करके गुरु से सलाह लेकर आप अपने घर पर साधना प्रारंभ कर सकते हैं। इसमें आपके गुरु का आशीर्वाद और गुरु आपके लिए समय देते हो तो साधना शुरू कर सकते हैं।
10. यदि आप अपने गुरु के पास किसी भी कारण से नहीं जा पाए हैं और अपने घर पर साधना गुरु के आदेश से कर रहे हैं। तो कम से कम 1 साल में एक बार गुरु का आशीर्वाद लेने जरूर जाना चाहिए।
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| Acharya Ganesh Nath |
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